Breaking News
बंगाल में 'कमल' का कमाल: ममता का 15 साल का राज खत्म, पहली बार भाजपा सरकार  |  गाजियाबाद में भीषण अग्निकांड: सिस्टम, सुरक्षा और जागरूकता पर बड़ा सवाल   |  AAP में बड़ी टूट से पंजाब और राष्ट्रीय राजनीति में हलचल, आम आदमी पार्टी के सात सांसद भाजपा में शामिल  |  बंगाल में 92% वोटिंग: 10% उछाल से किसे फायदा पश्चिम बंगाल चुनाव   |  नारी शक्ति विधेयक: प्रतिनिधित्व का अधिकार, लोकतंत्र की कसौटी  |  मुक्तेश्वर धाम में उमेद सिंह बिष्ट का कमाल: बुरांश, नींबू और मालटा से तैयार मॉकटेल बना रोजगार का नया मॉडल”  |  दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर उत्तराखंड के लिए एक सुनहरा अवसर  |  सम्राट चौधरी बिहार के नए मुख्यमंत्री, भाजपा विधायक दल ने दोबारा नेता चुना   |  सम्राट चौधरी बिहार के नए मुख्यमंत्री, भाजपा विधायक दल ने दोबारा नेता चुना  |  सम्राट चौधरी बिहार के नए सीएम शपथ ग्रहण 15 अप्रैल को होने जा रहा है  |  
न्यूज़ ग्राउंड विशेष
By   V.K Sharma 18/09/2020 :14:07
टाटा प्रोजेक्ट्स लिमिटेड को मिला संसद की नई बिल्डिंग सेंट्रल विस्टा बनाने का कॉन्ट्रेक्ट, 862 करोड़ रुपए की आएगी लागत !
 


नई दिल्ली (न्यूज़ ग्राउंड) आकाश मिश्रा : केंद्रीय लोक निर्माण विभाग ने नए संसद भवन के निर्माण के लिए बोलियां लगाने को आमंत्रण दिया था। टाटा प्रोजेक्ट्स लिमिटेड ने 862 करोड़ रुपये जबकि लार्सन एंड टुब्रो लिमिटेड ने 865 करोड़ रुपए की बोली लगाई थी। समाचार एजेंसीयों के मुताबिक, बोली प्रक्रिया में टाटा प्रोजेक्ट्स लिमिटेड ने बुधवार को बाजी मार ली। अब वह 862 करोड़ रुपये में नए संसद भवन का निर्माण करेगी। उल्लेखनीय है कि नए संसद भवन के निर्माण के लिए उत्तर प्रदेश राजकीय निर्माण निगम लिमिटेड समेत सात कंपनियों ने पात्रता पूर्व बोलियां (फाइनेंशियल बीड्स) जमा की थीं। केंद्रीय लोक निर्माण विभाग के ऑनलाइन निविदा पोर्टल के अनुसार, इन कंपनियों में टाटा प्रोजेक्ट लिमिटेड, लार्सन एंड टूब्रो लिमिटेड, आईटीडी सीमेंटेशन इंडिया लिमिटेड, एनसीसी लिमिटेड, शपूरजी पलोनजी एंड कंपनी प्राइवेट लिमिटेड, उत्तर प्रदेश राजकीय निर्माण निगम लिमिटेड. और पीएसपी प्रोजेक्ट्स लिमिटेड. शामिल थीं। बोली आमंत्रित करने वाले नोटिस में कहा गया था कि सेंट्रल विस्टा पुनर्विकास परियोजना के तहत मौजूदा संसद भवन के पास नई इमारत का निर्माण किया जाएगा। इसके 21 महीने में पूरा होने का अनुमान है। यही नहीं इस पर 889 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान लगाया गया था। केंद्र सरकार की प्रमुख निर्माण एजेंसी सीपीडब्ल्यूडी ने कहा था कि नई इमारत का निर्माण 'पार्लियामेंट हाउस एस्टेट' की भूखंड संख्या 118 पर कराया जाएगा। केंद्रीय लोक निर्माण विभाग की ओर से कहा गया है कि परियोजना के पूरा होने तक मौजूदा संसद भवन में ही कामकाज होता रहेगा। माना जा रहा है कि अब संसद के मानसून सत्र के खत्म होने के बाद नए भवन पर काम शुरू होगा। कुछ रिपोर्टों में कहा गया है कि नए भवन में सांसदों के बैठने के लिए 900 सीटें होंगी, जबकि संयुक्त सत्र में 1350 सांसदों के बैठने की व्यवस्था होगी। 2022 के जुलाई महीने में होने वाला मानसून सत्र नई संसद में आयोजित किए जाने की संभावना है। 



V.K Sharma
Editor in Chief
Live Tv
»»
Video
»»
Top News
»»
विशेष
»»


Copyright @ News Ground Tv