स्वामी चिदानंद सरस्वती जी महाराज के अथक प्रयास से ऋषिकेश के चंद्रभागा का गंदा नाला गंगा में गिरना हुआ बंद
-ऋषिकेश के चंद्रभागा में गंगा में गिर रहा गंदा नाला हुआ आज से बंद
-गंगा एक्शन परिवार, इनजियो कम्पनी एवं सरकार ने मिलकर सात दिनों में सीवर बन चुके नाले को बनाया स्वच्छ
-मुख्यमंत्री उत्तराखण्ड त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने किया उद्घाटन
- वर्ष 2019 तक कोई भी गंदा नाला गंगा में नहीं गिरेगा त्रिवेंद्र सिंह रावत
ऋषिकेश, (न्यूज़ ग्राउंड )20 जून। परमार्थ निकेतन एवम गंगा एक्शन प्लान के संस्थापक पूजनीय स्वामी चिदानंद सरस्वती जी महाराज के अथक प्रयासों एवम उत्तराखंड सरकार के सहयोग से आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वच्छ भारत अभियान को ऋषिकेश में एक नई दिशा प्रदान की गई,
प्रदेश के मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा गंगा को निर्मल व स्वच्छ बनाए जाने का जो संकल्प लिया था उसकी शुरूआत ऋषिकेश से हो चुकी है जिसके बाद 2019 तक कोई भी उत्तराखंड में गंदा नाला गंगा जी में नहीं जाएगा यह बात प्रदेश के मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने यहां चंद्रेश्वर नगर में वर्षों से बह रहे गंदे नाले को रोकने के लिए बनाए गए ट्रीटमेंट प्लांट का दीप प्रज्वलित कर उद्घाटन करने के उपरांत उपस्थिति जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा कि उनकी सरकार ने संकल्प लिया था कि उत्तराखंड में गोमुख से तमाम गंदे नालों को गंगा में जाने से रोका जाएगा जिसकी शुरुआत आज ऋषिकेश से कर दी गई है और हमें यह आधुनिक तकनीकी गंगा को स्वच्छ और निर्मल बनाने के लिए प्राप्त हुई है जिसके बाद हमें पूरी आशा है कि वर्ष 2019 तक हम गंगा को स्वच्छ और निर्मल बनाने की दिशा में कार्य करेंगे इस अवसर गंगा एक्शन प्लान एवम परमार्थ निकेतन के संस्थापक स्वामी चिदानंद सरस्वती महाराज ने ने कहा कि अब पूरे देश को मेडिटेशन छोड़ कर सेनिटेशन की ओर ध्यान लगाना लगाना होगा , सैनिटेशन पर आज पूरे भारत मे चिंता का विषय है , अब संत समाज को भी लोगो को स्वच्छता के प्रति जागरूक करने का बीड़ा उठाना होगा , जिस प्रकार समाज चंद्रेश्वर नगर में गंगा जी में गिर रहे गंदे नाले को लेकर पूरी सरकार चिंतित थी आज वह पूरे दावे के साथ कह सकती है कि अब यह गंदा नाला गंगा जी में नहीं जाएगा क्योंकि यह तकनीकी सबसे आधुनिक तकनीकी है ,स्वामी चिदानंद महाराज ने अपनी बात को पूर्ण करते हुए समूचे देश से अनुरोध किया है हर व्यक्ति प्रयास करे तो ’देश का हर सीवर प्वाइन्ट सेल्फी प्वाइन्ट’’ बन सकता है उन्होने कहा कि चन्द्रेश्वर नाला एक उदाहरण है। हम सभी प्रशासन और सरकार के साथ मिलकर कार्य करे तो देश के सभी नालों का कायाकल्प किया जा सकता है। स्वामी ने कहा यह तो एक शुरूआत है। स्वामी चिदानंद मुनि का कहना था कि अब संतों को अब माला नालो को साफ करने के लिए जपनी होगी तभी देश भर में बहने वाली गंगा नदी निर्मल व स्वच्छ हो सकेगी उनका कहना था इसी के साथ संजय झील हो या ढालवाला में बहने वाले गंदे नाले को हम सब साथ मिलकर ही साफ कर सकते हैं उन्होंने प्रदेश के मुख्यमंत्री का धन्यवाद अर्पित करते हुए कहा कि जहां प्रदेश भर में अनेकों समस्याएं हैं वहीं प्रदेश के मुख्यमंत्री को गंगा जी में गिर रहे इस गंदे नाले की भी चिंता थी जिन्होंने संकल्प लिया और उस संकल्प को पूरा कर आज निर्मल व स्वच्छ गंगा को बनाए जाने की दिशा में कार्य किया है उन्होंने देश भर की नदियों को साफ करने के लिए भी इसी प्रकार की तकनीकी को अपनाए जाने की आवश्यकता पर बल दिया
जो कि उदगम पर ही गंदे पानी को स्वच्छ कर रही उल्लेखनीय है कि यह परियोजना गंगा तट पर, चन्द्रेश्वर नगर मे गंगा एक्शन परिवार के सदस्य, परमार्थ निकेतन ने कम्पनी एवं उत्तराखण्ड सरकार ने मिलकर लगभग सात से आठ दिनों में चन्द्रेश्वर नाले का कायाकल्प कर दिया। इस कार्य के लिये गंगा एक्शन परिवार के सदस्य एवं जल प्रदूषण नियंत्रक एवं सफाई विशेषज्ञ रजनीश मेहरा का महत्वपूर्ण योगदान रहा। जिन्होंने इस योजना को ढाई बीघा बीघा भूमि पर लगभग तीन करोड़ रुपए की लागत से तैयार किया है जिस के बाद गंगा में पड़ने वाले गंदे नाले का पानी निर्मल व स्वच्छ कर ही मिलाया जाएगा।
इस अवसर पर चन्दे्रश्वर नाला स्वच्छता अभियान में एक्शन परिवार से सुश्री नन्दिनी त्रिपाठी, नरेन्द्र बिष्ट, रूबल नागी मिसाल मुम्बई, स्वामी दयानीधि दास भी उपस्थित थे।