कोसी एक्सप्रेस में विभीषण लूट-पाट , डकैतों ने यात्रियों की जमकर की पिटाई और फायरिंग !
पटना (न्यूज़ ग्राउंड) आकाश मिश्रा : बंकाघाट
से पटना साहिब स्टेशन के बीच रात लगभग 9:20 बजे
डकैतों ने डाउन कोसी एक्सप्रेस पर धावा बोल दिया और जमकर लूटपाट की। इस दौरान
डकैतों ने यात्रियों की जमकर पिटाई की और फायरिंग करते हुए भाग गए। घटना कल देर
रात की है।चलती ट्रेन में भीषण डकैती की वारदात हुई है. पीड़ितो के
अनुसार डाउन कोसी एक्सप्रेस में सोमवार की रात दो दर्जन से अधिक अपराधी ट्रेन में
घुस गए. और इस भीषण डकैती को अंजाम दे दिया. बंकाघाट से पटना साहिब स्टेशन के बीच
रात लगभग 9:20 बजे बदमाशों ने ट्रेन की एसी बोगी को छोड़कर सात-आठ जनरल डिब्बे को
निशाना बनाया. यात्रियों के साथ मारपीट कर जेवर, नकदी, मोबाइल लूट लिए. वारदात
को अंजाम देने के बाद डकैत हवाई फायरिंग करते हुए ट्रेन को वैक्यूम कर फरार हो गए.
डाउन कोसी एक्सप्रेस पूर्णिया से पटना आ रही थे. ट्रेन दस घंटे बिलम्ब से चल रही
थी.ट्रेन में एस्कॉर्ट पार्टी नहीं थी. कोसी एक्सप्रेस में डकैती की घटना को
सुनियोजित तरीके से अंजाम दिया गया. बख्तियारपुर में ही दर्जनभर बदमाश विभिन्न
बोगियों में बैठ गए थे. फतुहा से ट्रेन खुलने के पांच मिनट बाद नदी के पुल पर
पहुंचते ही बदमाशों ने चेन खींच दी. जब तक यात्री कुछ समझ पाते, तब तक तीन-चार नाव पुल के पास आ गई. उसमें सवार डेढ़ दर्जन
बदमाश अलग-अलग बोगियों में चढ़ गए और लूटपाट शुरू कर दी. ट्रेन रुकते ही डकैतों ने
जनरल बोगियों पर धावा बोल दिया. सभी अपराधियों के चेहरे रूमाल से ढके थे. उनके हाथ
में पिस्तौल थी. डकैतों ने मारपीट कर यात्रियों से लूटपाट शुरू कर दी. पिटाई से एक
यात्री का सिर फट गया, जबकि आधा दर्जन यात्री
मामूली रूप से घायल हो गए. 20 मिनट तक डकैतों ने सात-आठ बोगियों में जमकर लूटपाट
की. लूट के बाद अपराधीफायरिंग करते हुए
फरार हो गए. ट्रेन पर रोड़ेबाजी भी की गई. जान बचाने को कई यात्री सीटों के नीचे
घुस गए. पटना साहिब स्टेशन पर ट्रेन रुकने के बाद यात्री हंगामा करने लगे. जीआरपी
में उन्होंने शिकायत दर्ज कराई. पटना जंक्शन पर भी यात्रियों ने हंगामा किया. ट्रेन
में सफ़र कर रहे एक यात्री के अनुसार डकैतों ने उससे मोबाइल और नकदी लूट ली. एक
बदमाश ने भागने के क्रम में उसपर गोली भी चलाई थी, जो उसकी कमर के बगल से निकल गई और वह बाल-बाल बच गया.
मधेपुरा के रामेन्द्र के अनुसार बख्तियारपुर जंक्शन से ट्रेन में दर्जनभर युवक
सवार हुए थे, जिनकी हरकतें संदिग्ध लग रही थी. जगह मिलने के बावजूद वे
नहीं बैठे. कुछ देर बाद सभी अलग-अलग बोगियों में चले गए. उसकी बोगी में जो बचा था, वह लगातार किसी से फोन पर बात कर रहा था. वह कह रहा था कि
अभी समय सही नहीं है. डकैतों के साथ वह लड़का भी उसकी बोगी से उतर गया, तब मालूम हुआ कि वह उनका साथी था. यात्रियों के अनुसार चेन
पुलिंग के बाद असिस्टेंट लोको पायलट उतरकर इधर-उधर देख रहा था. दो बदमाशों ने उसे
पकड़ लिया और कनपटी पर पिस्तौल तान दी. गार्ड ने झांककर देखा तो उसपर दो राउंड
फायरिंग की, जिसके बाद गार्ड अपने डिब्बे में दुबक गया और अंदर से गेट
बंद कर दिया. रेल एसपी अशोक कुमार सिंह के अनुसार डकैतों की उम्र 18 से 20 वर्ष के
बीच है. पुलिस डकैतों की धड पकड़ के लिए छापेमारी कर रही है.रेल एसपी के
अनुसारसभी लूटेरे 15 से 17 साल के बीच के
लडके थे.घटनास्थल पर मिले एक हवाई चप्पल के आधार पर पुलिस ने तीन संदिग्ध लड़कों को
पकड़ा है. उनसे पूछताछ चल रही है.